बोर्ड परीक्षाओं में दिव्यांग छात्र-छात्राओं के लिए 5 अंकों की विशेष छूट (ग्रेस मार्क्स) देने का फैसला हुआ है। इसके साथ ही अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के होनहार गरीब छात्रों को मुफ्त कोचिंग देने के लिए परिवार की सालाना आय सीमा को सीधे ₹2 लाख से बढ़ाकर ₹8 लाख कर दिया गया है, ताकि अब ज्यादा छात्र इसका लाभ ले सकें।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में यहां हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में ये निर्णय लिए गए। सूत्रों के मुताबिक मंत्रिमंडल ने बौद्धिक दिव्यांगता, मानसिक अस्वस्थता, ‘ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर’, ‘सेरेब्रल पाल्सी’ एवं विशेष अधिगम अक्षमता से संबंधित दिव्यांग विद्यार्थियों को उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद की परीक्षाओं में उत्तीर्ण अंकों में पांच प्रतिशत की छूट देने के लिए संबंधित नियमों में संशोधन को मंजूरी दे दी।
बौद्धिक दिव्यांगता, मानसिक अस्वस्थता, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर, सेरेब्रल पाल्सी और विशेष अधिगम अक्षमता से संबंधित दिव्यांग विद्यार्थियों को उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद की परीक्षाओं में उत्तीर्ण अंकों में 5 प्रतिशत की छूट देने के लिए संबंधित विनियमों में संशोधन को मंजूरी दी गई। इसके तहत इन श्रेणियों के विद्यार्थियों को 28 प्रतिशत अंक प्राप्त करने पर उत्तीर्ण माना जाएगा।

