बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर अमेरिकी सांसद ने उठाए सवाल, अंतरिम सरकार से की जिम्मेदारी लेने की अपील

US MP raises questions on the safety of Hindu minorities in Bangladesh, appeals to interim government to take responsibility
Spread the love

ढाका। बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं की स्थिति दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है। कट्टरपंथी संगठनों द्वारा हिंदुओं पर अत्याचार और उनके मंदिरों को ध्वस्त करने की घटनाओं में निरंतर वृद्धि हो रही है। इस बीच, अमेरिकी सांसद ब्रैड शेरमन ने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार से बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने की अपील की है।

कांग्रेस सदस्य ब्रैड शेरमन ने मंगलवार को एक बयान में कहा, “बांग्लादेश की अंतरिम सरकार का यह पूर्ण दायित्व है कि वह अपने हिंदू अल्पसंख्यकों की रक्षा करें।” उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वह हजारों अल्पसंख्यक हिंदुओं के विरोध प्रदर्शनों का सार्थक समाधान निकाले।

हिंसा के कृत्यों को खत्म करना चाहिए
शेरमन ने आगे कहा कि वह बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के पतन के समय और उसके बाद हुए हिंसक दंगों के दौरान हुई हत्याओं और अन्य मानवाधिकार उल्लंघनों की जांच की मांग का समर्थन करते हैं। यह मांग बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद और संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर तुर्क द्वारा की गई है। शेरमन ने कहा कि वर्तमान प्रशासन को हिंदू समुदाय के खिलाफ हो रही हिंसा को खत्म करने के लिए मजबूत कदम उठाने चाहिए।

व्हाइट हाउस के बाहर की गई रैली आयोजित
अमेरिकी हिंदुओं ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की मांग करते हुए व्हाइट हाउस के बाहर एक रैली आयोजित की। इस रैली में पुजारी चिन्मय कृष्ण दास की रिहाई की भी मांग की गई थी।

भारत ने भी जताई चिंता
बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा के मुद्दे पर भारत ने भी चिंता जताई है। लोकसभा में लिखित प्रश्नों के जवाब में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि ढाका में भारतीय उच्चायोग इस मामले पर बारीकी से नजर रख रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की प्राथमिक जिम्मेदारी वहां की अंतरिम सरकार की है।